पिथौरागढ़ की लक्ष्मी जोशी ने कौशल प्रशिक्षण से शुरू किया ब्यूटी पार्लर, अब हर महीने 30 हज़ार तक की आमदनी

उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले के मूनाकोट विकासखंड के ग्राम डुंगरी (पोस्ट मढ़खड़ायत) की रहने वाली लक्ष्मी जोशी ने स्वरोजगार और कौशल विकास के माध्यम से अपने परिवार की आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार किया है। पहले उनका परिवार मुख्य रूप से खेती पर निर्भर था, जिससे सीमित आय और आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता था। पति, दो छोटे बच्चे और सास‑ससुर के साथ जाजरदेवल में रहने वाली लक्ष्मी ने अपने घर की जिम्मेदारियों के बीच एक नया रास्ता तलाशा।

जब आरएसटी पिथौरागढ़ ने 35‑दिन का निशुल्क ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण आयोजित किया, तो लक्ष्मी ने तुरंत इस अवसर को पकड़ लिया। इस प्रशिक्षण में उन्होंने ब्यूटी पार्लर संचालन, मेकअप, हेयरस्टाइलिंग और ग्राहक सेवा जैसी बुनियादी लेकिन आवश्यक तकनीकों को सीखा। प्रशिक्षण समाप्त होने के बाद, उन्होंने जाजरदेवल में अपना छोटा ब्यूटी पार्लर खोल दिया। शुरुआती दिनों में ग्राहकों की संख्या सीमित रही, परन्तु लगातार सेवा की गुणवत्ता और स्थानीय महिलाओं की बढ़ती रुचि ने धीरे‑धीरे व्यापार को बढ़ाया।

आज लक्ष्मी का पार्लर स्थानीय समुदाय में लोकप्रिय है और वह इससे हर महीने लगभग 25 हज़ार से 30 हज़ार रुपये की आय कमा रही हैं। यह आय न केवल उनके परिवार की दैनिक जरूरतों को पूरा करती है, बल्कि बच्चों की शिक्षा और भविष्य के निवेश के लिए भी पर्याप्त संसाधन प्रदान करती है। लक्ष्मी का अनुभव यह सिद्ध करता है कि सही प्रशिक्षण और सरकारी समर्थन मिलने पर महिलाएँ अपने हुनर को स्वरोजगार में बदलकर पारिवारिक आय में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं।

लक्ष्मी जोशी की कहानी उत्तराखंड में चल रहे महिला सशक्तिकरण और कौशल विकास पहलों की सफलता का प्रतीक बन गई है। यह उदाहरण दर्शाता है कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी उचित अवसर और मार्गदर्शन के साथ महिलाएँ आर्थिक स्वतंत्रता की ओर अग्रसर हो सकती हैं, जिससे न केवल उनके घर, बल्कि पूरे समुदाय की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सुधार संभव है।

Original Title: उत्तराखंड: घर की जिम्मेदारियों के बीच लक्ष्मी ने शुरू किया काम, अब हर महीने हो रही अच्छी कमाई

Original Content: Pithoragarh | Skill Training | Laxmi Joshi: स्वरोजगार और कौशल विकास के जरिए महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की कोशिशों के बीच पिथौरागढ़ की लक्ष्मी जोशी की कहानी सामने आई है। मूनाकोट विकासखंड के ग्राम डुंगरी, पोस्ट मढ़खड़ायत निवासी लक्ष्मी ने निशुल्क कौशल प्रशिक्षण लेने के बाद अपना ब्यूटी पार्लर शुरू किया। आज वह इससे हर महीने करीब 25 से 30 हजार रुपये तक की आय अर्जित कर रही हैं।
लक्ष्मी जोशी वर्तमान में जाजरदेवल में अपने परिवार के साथ रहती हैं। उनके परिवार में पति, दो बच्चे और सास-ससुर हैं। परिवार की आजीविका पहले मुख्य रूप से खेती पर निर्भर थी। आमदनी सीमित होने के कारण परिवार को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता था।
इसी दौरान लक्ष्मी को आरसेटी पिथौरागढ़ की ओर से संचालित 35 दिवसीय निशुल्क ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण की जानकारी मिली। उन्होंने प्रशिक्षण में हिस्सा लिया और ब्यूटी पार्लर से जुड़े जरूरी कौशल सीखे।
प्रशिक्षण पूरा करने के बाद लक्ष्मी ने जाजरदेवल में अपना ब्यूटी पार्लर शुरू किया। धीरे-धीरे उनका काम आगे बढ़ा और अब वह अपने व्यवसाय से हर महीने 25 से 30 हजार रुपये तक की कमाई कर रही हैं।
लक्ष्मी की यह पहल बताती है कि सही प्रशिक्षण और अवसर मिलने पर महिलाएं अपने हुनर को स्वरोजगार में बदलकर परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में अहम भूमिका निभा सकती हैं।