नई दिल्ली के भारत मंडप ऑडिटोरियम में 30 अगस्त, रविवार को Young Uttarakhand Cine Awards 2026 का भव्य समारोह हुआ, जहाँ उत्तराखंड की क्षेत्रीय सिनेमा, लोक संगीत और सांस्कृतिक धरोहर को समर्पित पुरस्कारों से कलाकारों को सम्मानित किया गया।
**मुख्य पुरस्कार और मान्यताएँ**
– **बिमल बहुगुणा** को Young Uttarakhand Lifetime Achievement Award से नवाज़ा गया।
– **प्रीतम भरतवाण** को Gopal Babu Goswami Legendary Singer Award से सम्मानित किया गया।
**फिल्म श्रेणी में ‘रैबार’ का दबदबा**
फिल्म ‘रैबार’ ने सर्वश्रेष्ठ फिल्म सहित कई प्रमुख श्रेणियों में जीत दर्ज की। प्रमुख विजेता निम्नलिखित हैं:
– सर्वश्रेष्ठ अभिनेता (मुख्य भूमिका): सुनील सिंह रैबार
– सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री (मुख्य भूमिका): करिश्मा शाह घपरोल
– सर्वश्रेष्ठ सह-अभिनेत्री (संयुक्त): कल्याणी गंगोला द्वी होला
– सर्वश्रेष्ठ खलनायक: कैलाश कंडवाल घपरोल
– सर्वश्रेष्ठ हास्य कलाकार: दीपक बंगवाल घपरोल
– सर्वश्रेष्ठ सह-अभिनेत्री: सुमन गौड़ रैबार
– सर्वश्रेष्ठ सह-अभिनेता: दीपक रावत खोली का गणेश
– सर्वश्रेष्ठ छायाकार: धर्मेंद्र सिसोदिया रैबार
– सर्वश्रेष्ठ कहानी: शिशिर उनियाल एवं भगत सिंह सैनी रैबार
– सर्वश्रेष्ठ निर्देशक: शिशिर उनियाल रैबार
– सर्वश्रेष्ठ पृष्ठभूमि संगीत: विभू काशिव रैबार
**संगीत श्रेणी में ‘पंचाचूली देश’ का समृद्ध योगदान**
संगीत विभाग में भी उत्तराखंड के कई प्रमुख कलाकारों को सम्मानित किया गया। ‘पंचाचूली देश’ ने सर्वश्रेष्ठ गीत/प्रोडक्शन हाउस सहित कई पुरस्कार जीते। प्रमुख विजेता इस प्रकार हैं:
– सर्वश्रेष्ठ गीतकार: नरेन्द्र सिंह नेगी (गीत – “कु रै होला छुंयाल”)
– सर्वश्रेष्ठ संगीतकार: कुशाल सिंह नील (गीत – “पंचाचूली देश”)
– सर्वश्रेष्ठ छायांकन: धर्मेन्द्र सिंह जेठा (गीत – “मेरी माया रौली”)
– सर्वश्रेष्ठ गायक: गणेश मर्तोलिया (गीत – “पंचाचूली देश”)
– सर्वश्रेष्ठ गायिका: रूचि जन्गपांगी (गीत – “पंचाचूली देश”)
– सर्वश्रेष्ठ वीडियो निर्देशक: सिद्ध भोज (गीत – “आख्युं बात”)
– सर्वश्रेष्ठ अभिनय (पुरुष): मोहित घिल्डियाल (गीत – “कु रै होला छुंयाल”)
– सर्वश्रेष्ठ अभिनय (महिला): करुणा श्रेष्ठ (गीत – “पंचाचूली देश”)
– सर्वश्रेष्ठ गीत/प्रोडक्शन हाउस: पंचाचूली देश (चांदनी इंटरप्राइजेज प्रोडक्शन)
इस कार्यक्रम में उत्तराखंड के कलाकारों, फिल्मकारों, संगीतज्ञों और कला प्रेमियों की उपस्थिति ने सांस्कृतिक मंच को और भी रोशन कर दिया।

