पटेलनगर के वरिष्ठ कांग्रेस नेता एस.पी. सूरी ने आज कांग्रेस के कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में अपनी नई शुरुआत की घोषणा की, जहाँ उन्हें कांग्रेस की सदस्यता फिर से दी गई। सूरी ने एक साल पहले कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल होकर कई महत्वपूर्ण पद संभाले थे, परंतु हाल ही में उन्होंने भाजपा से नाता तोड़कर अपने साथियों के साथ कांग्रेस में घर-वापसी कर ली है। कार्यक्रम में कांग्रेस उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना और महानगर अध्यक्ष डॉ. जसविंदर सिंह गोगी ने उन्हें कांग्रेस की सदस्यता दिलाई और उनके लौटने पर हार्दिक स्वागत किया।
सूरी ने कार्यक्रम में अपने अनुभवों को खुलकर साझा किया, कहते हुए, “अपने घर और अपने लोगों की कीमत का एहसास तब होता है, जब आप अपनों को छोड़कर दूसरों के घर जाते हैं। भाजपा में कांग्रेस से गए लोगों को जब भाजपा के ही मीडिया प्रमुख द्वारा ‘गधे-घोड़े’ कहा गया, तो मन खट्टा हो गया। तभी हमने भाजपा छोड़कर घर-वापसी का निर्णय लिया।” उन्होंने यह भी उजागर किया कि पार्टी में अपनी भूमिका और अपने क्षेत्र के लोगों के प्रति जिम्मेदारी को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता। सूरी का यह कदम उनके लिए एक नया अध्याय है, जिसमें वे अपनी मूल मूल्यों और कांग्रेस की विचारधारा को फिर से अपनाने का संकल्प लेते हैं।
सूर्यकांत धस्माना ने इस अवसर पर कहा, “गलती हर मनुष्य से होती है, लेकिन गलती से सबक न लेना और उसे दोहराना स्वार्थवश किया गया कृत्य है, जो अक्षम्य है। जो साथी किसी भी कारणवश पार्टी छोड़कर गए थे, आज उनकी घर-वापसी हुई है, आशा है वे इस गलती को दोबारा नहीं दोहराएंगे और कांग्रेस की विचारधारा को मजबूती देंगे।” धस्माना ने यह भी जोड़ा कि सूरी का लौटना कांग्रेस के लिए एक सकारात्मक संकेत है, जो पार्टी को नई ऊर्जा और अनुभव देगा।
इस घटना ने राजनीतिक परिदृश्य में एक नया मोड़ लिया है, जहाँ सूरी की घर-वापसी ने यह संदेश दिया है कि राजनीतिक पहचान और पार्टी के प्रति निष्ठा केवल पदों और अवसरों पर आधारित नहीं, बल्कि मूल्यों और लोगों के प्रति समर्पण पर निर्भर करती है। सूरी के इस कदम से उम्मीद है कि कांग्रेस में उनके अनुभव और नेतृत्व से पार्टी को नई दिशा मिलेगी और क्षेत्रीय राजनीति में एक नई ऊर्जा का संचार होगा।
