The post यूटीयू के पेपर सेटिंग में निजी कॉलेजों के शिक्षक नहीं होंगे शामिल appeared first on Avikal Uttarakhand.
शिवालिक इंजीनियरिंग कालेज के 22 छात्रों को लीक किया था पेपर

अहम तकनीकी शिक्षा विभाग कठघरे में
सीएम धामी पर टिकी नजरें
अविकल थपलियाल
देहरादून। देश भर में जारी प्रचंड छात्र आंदोलन के बीच तकनीकी विवि की परीक्षाओं में हुए पेपर लीक से सम्बंधित महकमा कठघरे में खड़ा है। दून में हुए पेपर लीक के बाद शिवालिक इंजीनियरिंग कालेज के सहायक प्रोफेसर आशीष गुप्ता की गिरफ्तारी के बाद होश में आए विवि प्रशासन ने जरूरी कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। लेकिन सरकारी छत्र छाया में पनप रहे पेपर लीक गैंग ने तकनीकी विवि पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। चुनावी साल के इस लीकेज ने भाजपा सरकार का सिरदर्द बढ़ा दिया है।
शनिवार को कांग्रेस के जोरदार प्रदर्शन के बाद
वीर माधो सिंह भंडारी उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय (यूटीयू) की कुलपति डॉ. तृप्ता ठाकुर ने कहा कि विश्वविद्यालय परीक्षाओं की शुचिता, गोपनीयता और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सख्त कदम उठा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब निजी कॉलेजों के शिक्षकों को प्रश्नपत्र निर्माण (पेपर सेटिंग) और परीक्षा से सम्बंधित अन्य गोपनीय कार्यों से दूर रखा जाएगा।
कुलपति ने बताया कि हाल ही में सामने आए पेपर लीक प्रकरण को विश्वविद्यालय ने अत्यंत गंभीरता से लिया है। मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए परीक्षा नियंत्रक को उनके पद से हटा दिया गया है। साथ ही, एहतियात के तौर पर आरोपी निजी इंजीनियरिंग कॉलेज के शिक्षक द्वारा तैयार किया गया दूसरा प्रश्नपत्र भी निरस्त कर दिया गया है, ताकि परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्षता पर किसी प्रकार का प्रश्नचिह्न न लगे। उन्होंने कहा कि जांच में पाया गया कि उक्त आरोपित शिक्षक ने अपने कॉलेज (शिवालिक इंजीनियरिंग कालेज) के ही 22 छात्रों को पेपर लीक किया था।
उन्होंने बताया कि पेपर लीक प्रकरण के दृष्टिगत निजी इंजीनियरिंग कॉलेज को सख्त चेतावनी दी गई है उन्होंने ने कहा प्रकरण में संलिप्त प्राध्यापक को विश्वविद्यालय के सभी परीक्षा कार्यों से प्रतिबंधित कर दिया गया है। विश्वविद्यालय भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए परीक्षा प्रणाली को और अधिक सुरक्षित एवं जवाबदेह बनाने की दिशा में प्रभावी कदम उठा रहा है।
कुलपति ने कहा कि विद्यार्थियों के हित सर्वोपरि हैं और विश्वविद्यालय निष्पक्ष एवं विश्वसनीय परीक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। परीक्षा प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा तथा दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
विवि प्रशासन ने अभी इस तथ्य की जांच नहीं की है कि पूर्व के वर्षों में भी पेपर लीक की घटनाएं हुई है कि नहीं।
बहरहाल, नीट पेपर लीक में केन्द्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे व कई अधिकारियों को हटाने के बाद धामी सरकार इस मुद्दे पर कौन कौन से ठोस कदम उठाती है, इस पर भी जनता की नजरें टिकी हुई है। जबकि कांग्रेस ने तकनीकी विवि में आक्रामक प्रदर्शन कर अपने इरादे जता दिए हैं। तकनीकी विवि ने परीक्षा नियंत्रक को हटा तो दिया है। लेकिन अन्य जिम्मेदार लोग खामोशी ओढ़े हुए हैं। कड़े नियम बनने के बावजूद चुनावी साल में हुए पेपर लीक से प्रदेश का युवा व विपक्षी दल नये सिरे से मुखर हो रहा है।
Pls clik-पेपर लीक पर कांग्रेस का हमला
सहायक प्रोफेसर गिरफ्तार
The post यूटीयू के पेपर सेटिंग में निजी कॉलेजों के शिक्षक नहीं होंगे शामिल appeared first on Avikal Uttarakhand.
