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दून अस्पताल की इमरजेंसी में हथियार‑भरे हमले से डॉक्टरों की सुरक्षा पर सवाल

देहरादून के दून अस्पताल की इमरजेंसी विभाग में शुक्रवार की सुबह 4 वाजे 50 मिनट के आसपास एक झटका देने वाला दृश्य घटित हुआ। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, बाहरी झगड़े के बाद दो समूहों के बीच बदला लेने की भावना से प्रेरित कुछ व्यक्ति, हाथ में तेज़ धार वाले हथियार लेकर अस्पताल के प्रवेश द्वार से अंदर घुस आए। हथियारों में चापड़, छुरी और अन्य तेज़ वस्तुएँ शामिल थीं, और उन्होंने इमरजेंसी में मौजूद डॉक्टरों, नर्सों और रोगियों को भयभीत कर दिया।

आक्रमण के दौरान एक डॉक्टर ने बताया कि एक व्यक्ति ने चापड़ को हवा में लहराते हुए उनके सामने धकेला, जिससे कई स्टाफ सदस्य डर के मारे कमरे से बाहर निकलने को मजबूर हो गए। अस्पताल के सुरक्षा गार्डों को इस अचानक बढ़ते हिंसा का सामना करने में असमर्थता का सामना करना पड़ा; कई गार्ड मौन में खड़े रहे और तुरंत मदद के लिए कोई स्पष्ट कार्रवाई नहीं की। डॉक्टरों और नर्सों ने स्थिति को संभालने के लिए आपातकालीन कॉल की, लेकिन पुलिस को सूचित करने के बाद भी 45 मिनट तक कोई बल नहीं पहुंचा।

हिंसा के बाद अस्पताल के भीतर मौजूद पुलिस चौकी ने भी अपनी जिम्मेदारी पूरी नहीं की। कई कर्मचारियों ने कहा कि पुलिसकर्मी उपस्थित थे, परंतु वे घटनास्थल पर नहीं पहुंचे और न ही उन्होंने कोई हस्तक्षेप किया। इस चुप्पी ने मेडिकल स्टाफ के बीच सुरक्षा के प्रति गहरी असहायता और निराशा को जन्म दिया। डॉक्टरों ने इस घटना को न केवल एक व्यक्तिगत खतरे के रूप में, बल्कि स्वास्थ्य संस्थानों में सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक कमी के संकेत के रूप में उजागर किया।

स्थानीय प्रशासन से इस मामले की तेज़ी से जांच और भविष्य में ऐसे हमलों को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने की माँग की जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि अस्पतालों जैसे सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा उपायों को सुदृढ़ करना, विशेषकर इमरजेंसी विभागों में, न केवल स्टाफ बल्कि रोगियों की सुरक्षा के लिए अनिवार्य है। इस घटना ने फिर से यह सवाल उठाया है कि आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को सुरक्षित रखने के लिए पुलिस और निजी सुरक्षा एजेंसियों के बीच समन्वय कितनी जल्दी और प्रभावी रूप से किया जा सकता है।

Original Title: दून अस्पताल की इमरजेंसी में हड़कंप, धारदार हथियार लेकर घुसे लोग

Original Content: राजधानी देहरादून के दून अस्पताल की इमरजेंसी में शुक्रवार तड़के जमकर हंगामा हुआ। करीब 4 बजकर 50 मिनट पर कुछ लोग हाथों में धारदार हथियार लेकर घुस आए। आरोप है कि बाहर झगड़ा होने के बाद ये लोग दूसरे पक्ष को मारने के लिए अस्पताल पहुंचे थे।

दून अस्पताल की इमरजेंसी में हड़कंप

डॉक्टरों का आरोप है कि हंगामे के दौरान एक व्यक्ति ने हाथ में चापड़ लेकर उनकी तरफ लहराया। इमरजेंसी मेंहथियार लेकर लोगों के पहुंचने से डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

धारधार हथियार लेकर घुसे लोग

डॉक्टर्स का आरोप है कि उनके साथ भी बदतमिजी की गई। अस्पताल के सुरक्षाकर्मी मूकबधिर बने रहे। वो खुद सुरक्षा मांग रहे थे। तो वहीं डॉक्टर ने ये भी बताया कि कॉल करने के 45 मिनट बाद पुलिस पहुंची।

हैरानी की बात तो ये भी है अस्पताल में पुलिस चौकी मौजूद होने के बाद भी वहां पर पुलिसकर्मी नहीं होते। ऐसे में डॉक्टर्स ने अफनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है।
Khabar Uttarakhand – Uttarakhand News.

admin सत्यापित पत्रकार

आधिकारिक पत्रकार एवं विशेष संवाददाता।

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