📅 Thursday, 15 October 2026 ⛅ 24°C नैनीताल / देहरादून 📈 SENSEX +420.5 (82,140)
Ad Space (728x90) - Appearance > Customize > Ad Placements
⚡ ब्रेकिंग न्यूज़
🔴  रात के बाद धामी ने दी “सभी कार्यों पर सख्त निगरानी” की चेतावनी 🔴 उत्तराखंड की नई दिशा: आनन्द बर्द्धन ने हर जिले में विदेशी भाषा ट्रेनिंग सेंटर खोलने को दी मंजूरी, स्कूली से लेकर नर्सिंग विद्यार्थियों तक को मिलेगा वैश्विक रोजगार का मंच 🔴 चमोली में रहस्य: पत्नी की मौत के बाद घर में रहस्यमयी महिला, पुलिस ने पति पर आत्महत्या उकसाने का आरोप लगाया 🔴 उत्तराखंड में पेंशन नियमों में नया मोड़: आधार लिंक अनिवार्य, केवल दो श्रेणियों को मिलेगी छूट 🔴 मंत्री खजान दास ने मदरसे मान्यता पर तेज़ी से कदम, अक्टूबर तक 190 संस्था मान्यता हेतु तैयार 🔴 2027 की राजनीतिक शान्ति भंग: 15 दिसंबर के बाद 5 राज्यों में बज सकता है चुनावी बिगुल, उत्तराखंड में चली दो दिवसीय हाई-लेवल समीक्षा
होम » खबरनामा »  रात के बाद धामी ने दी “सभी कार्यों पर सख्त निगरानी” की चेतावनी

 रात के बाद धामी ने दी “सभी कार्यों पर सख्त निगरानी” की चेतावनी

**

रात के 11 बजे के बाद भी जब राज्य के कई अधिकारी थकान के साथ घर लौट रहे थे, तब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने आवास में एक चार‑घंटे लंबी “मैराथन” बैठक बुलाई। इस सत्र में प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों (डीएम), वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों (एसएसपी) और गढ़वाल व कुमाऊँ मंडलों के आयुक्तों, गृह सचिव और पुलिस महानिरीक्षकों समेत वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।

बैठक के दौरान धामी ने प्रदेश में विकास कार्यों की प्रगति, सार्वजनिक सुविधाओं, कानून‑व्यवस्था, आगामी त्योहारों की तैयारियों, आपदा प्रबंधन, निर्वाचन कार्यों, जिला योजना के क्रियान्वयन और हरिद्वार कुंभ‑2027 की तैयारियों पर गहन चर्चा की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप सभी कार्य समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और परिणामोन्मुखी तरीके से पूरे किये जाएं। किसी भी प्रकार की लापरवाही, विलंब अथवा जिम्मेदारी से बचने की प्रवृत्ति बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

सड़कों के गड्ढे हटाने के अभियान में विशेष जोर दिया गया। धामी ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने जनपदों में सड़क निरीक्षण करें और लंबित मरम्मत कार्यों को तुरंत शुरू करवाएं। उन्होंने स्वयं “सड़क मार्ग” से पूरे प्रदेश का दौरा करने की बात कही और किसी भी सड़क पर टूट-फूट या लापरवाही पाई जाने पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही तय करेंगे।

सीवर एवं पेयजल पाइपलाइन के अधूरे कार्यों को एक नवंबर तक पूरा करने का आदेश दिया गया। उसी तरह राजस्व मामलों में भी पटवारी और तहसीलदारों को समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के लिए कहा गया, ताकि नागरिकों को बार‑बार कार्यालयों के चक्कर न लगने पड़े।

कुंभ‑2027 की तैयारियों में हर सप्ताह समीक्षा का प्रावधान किया गया। धामी ने निर्देश दिया कि सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य पूर्ण करें और किसी भी परियोजना में देरी होने पर तुरंत कारण खोजकर जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए।

आपदाओं के समय राहत और सुरक्षित आवास उपलब्ध कराने, दूरस्थ क्षेत्रों में डॉक्टर व एएनएम की उपलब्धता सुनिश्चित करने, मानव‑वन्यजीव संघर्ष रोकने और 15‑दिन में जनपद भ्रमण जैसी योजनाओं पर भी विशेष चर्चा हुई।

इन सभी निर्देशों के साथ धामी ने यह स्पष्ट किया कि केवल कागजी प्रगति नहीं, बल्कि धरातल पर कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्धता ही शासन की सफलता का मापदंड है। अधिकारियों से अपील की कि वे जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए सक्रिय रूप से फील्ड में जाएं और किसी भी विभागीय लापरवाही को तुरंत सुधारें।

admin सत्यापित पत्रकार

आधिकारिक पत्रकार एवं विशेष संवाददाता।

संबंधित समाचार (Related News)