उत्तराखंड में इस मौसम की कहानी अब “मानसून की विदाई” के चरण में प्रवेश कर चुकी है, लेकिन मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले दो‑तीन दिनों में फिर से बूँदें गिर सकती हैं। मौसम विज्ञान केंद्र की रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य के कुछ हिस्सों में अभी भी बारिश के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं, जबकि अधिकांश क्षेत्र शुष्क और तेज धूप से घिरा हुआ है। मैदानी इलाकों में सूर्य की किरणें बिखरते ही तापमान सामान्य से ऊपर दर्ज किया जा रहा है, जिससे गर्मी और उमस का एहसास बढ़ रहा है। पहाड़ी क्षेत्रों में आंशिक बादल छाए हुए हैं और कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी शुरू हो चुकी है, जिससे निचले इलाकों में राहत की आशा जगी है।
मौसम विज्ञान केंद्र ने विशेष रूप से मंगलवार को सात प्रमुख जिलों—उत्तकाशी, देहरादून, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल और पिथौरागढ़—में हल्की से बहुत हल्की बारिश की संभावना जताई है। इन जिलों के कुछ हिस्सों में गरज के साथ बौछारें भी गिर सकती हैं, जिससे पहाड़ी सड़कों पर जल निकासी का ध्यान रखना आवश्यक होगा। बाकी सभी जिलों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने का अनुमान है, और दिन के दौरान तेज धूप के कारण गर्मी का असर जारी रहेगा। स्थानीय किसान और यात्रियों को मौसम परिवर्तन से जुड़ी सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, ताकि अचानक बदलते जलवायु के कारण उत्पन्न हो सकने वाले जोखिमों से बचा जा सके।
देशव्यापी मानसून की गति को देखते हुए, मौसम विभाग ने बताया कि सोमवार को दक्षिण‑पश्चिमी मानसून ने राजस्थान के कुछ हिस्सों के साथ ही हरियाणा और पंजाब के कुछ क्षेत्रों से भी वापसी शुरू कर दी है। इस वापसी की रेखा जैसलमेर, नागौर, सीकर, रोहतक, पटियाला और गुरदासपुर से होकर गुजर रही है। विभाग के अनुसार, आने वाले दो‑तीन दिनों में पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, राजस्थान के शेष हिस्सों के साथ-साथ सौराष्ट्र‑कच्छ, जम्मू‑कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में भी मानसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। इसका अर्थ यह है कि उत्तराखंड में अब मानसून के अंतिम दौर के बाद शुष्क मौसम का सिलसिला बढ़ सकता है, लेकिन अचानक हल्की बारिश का खतरा अभी भी बना हुआ है, जिससे स्थानीय प्रशासन और नागरिकों को सतर्क रहना आवश्यक है।
Original Title: कब विदा होगा मानसून? उत्तराखंड के 7 जिलों में आज हल्की बारिश का अलर्ट
Original Content: Weather Update | Monsoon Retreat | Uttarakhand Rain : उत्तराखंड में मानसून की विदाई का दौर शुरू हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार अगले दो से तीन दिन में मानसून राज्य के कुछ हिस्सों से वापस लौट सकता है। मानसून की वापसी के लिए मौसम की परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
इस बीच प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में मौसम शुष्क बना हुआ है। मैदानी क्षेत्रों में तेज धूप निकलने से गर्मी और उमस का असर महसूस किया जा रहा है। कई स्थानों पर तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया जा रहा है। वहीं पहाड़ी क्षेत्रों में कुछ जगहों पर आंशिक बादल छाने के साथ हल्की बारिश भी हो रही है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार मंगलवार को उत्तराखंड के सात जिलों में कहीं-कहीं बहुत हल्की से हल्की बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर गरज के साथ बौछारें पड़ने की भी संभावना है।
इन जिलों में उत्तरकाशी, देहरादून, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल और पिथौरागढ़ शामिल हैं। वहीं प्रदेश के बाकी जिलों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है।
मैदानी इलाकों में दिन के समय तेज धूप के कारण गर्मी का असर बना रह सकता है।
मौसम विभाग के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून सोमवार को राजस्थान के कुछ और हिस्सों के अलावा हरियाणा और पंजाब के कुछ क्षेत्रों से भी वापस लौट चुका है। मानसून की वापसी की रेखा जैसलमेर, नागौर, सीकर, रोहतक, पटियाला और गुरदासपुर से होकर गुजर रही है।
विभाग के अनुसार अगले दो से तीन दिनों के दौरान पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और राजस्थान के शेष हिस्सों के साथ सौराष्ट्र-कच्छ, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों से मानसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
यानी उत्तराखंड में अब मानसून के अंतिम दौर के बाद मौसम के शुष्क होने का सिलसिला बढ़ सकता है।
