उत्तराखंड के कुमाऊं मंडल में लगातार तीसरे दिन हो रही अत्यधिक बारिश ने स्थिति को गंभीर बना दिया है। भारी वर्षा की वजह से पहाड़ों से ढलती मिट्टी, पत्थर और मलबा सड़कों पर आना जारी है, जिससे अल्मोड़ा, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत और नैनीताल जिलों में 100 से अधिक मार्ग बंद हो गए हैं।
यह मौसमी आपदा ने कई गांवों और इलाकों का मुख्य सड़कों से संपर्क काट दिया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, कई परिवार लंबे समय से अपने घरों में कैद हैं और बाहर निकलने में असमर्थ हैं। प्रशासन और रोज़ा मार्ग खुलवाने के लिए प्रयास कर रहा है, लेकिन भारी बारिश और भूस्खलन की खतरे की वजह से काम में बाधाएं आ रही हैं। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों के लिए भी भारी बारिश की संभावना जताई है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
