नैनीताल दुग्ध संघ का 75वां वार्षिक अधिवेशन संपन्न,₹277.84 करोड़ का बजट पारित, दुग्ध संघ ने वर्ष 2025-26 में आय वृद्धि और विपणन रणनीति को दी मंजूरी।

नैनीताल दुग्ध संघ का 75वां वार्षिक अधिवेशन संपन्न,₹277.84 करोड़ का बजट पारित, दुग्ध संघ ने वर्ष 2025-26 में आय वृद्धि और विपणन रणनीति को दी मंजूरी।
ख़बर शेयर करे :
Stay connected via Google News
Follow us for the latest updates and guides.
Add as preferred source on Google

लालकुआं/हल्द्वानी—-   नैनीताल आँचल दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड का 75वां वार्षिक सामान्य निकाय अधिवेशन (डायमंड जुबली वर्ष) हल्द्वानी में भव्य रूप से आयोजित किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि महापौर गजराज सिंह बिष्ट और विशिष्ट अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन से हुआ।

अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ और माल्यार्पण कर किया गया।महापौर गजराज सिंह बिष्ट ने अपने सम्बोधन में कहा कि नैनीताल आँचल दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ का यह अधिवेशन न केवल संघ के लिए बल्कि जिले के दुग्ध उत्पादकों के लिए भी ऐतिहासिक महत्व रखता है।

उन्होंने कहा कि दुग्ध उत्पादन और विपणन को और अधिक विकसित करने के लिए संघ की पहल सराहनीय है। महापौर ने सभी दुग्ध उत्पादकों को उनके मेहनत और योगदान के लिए बधाई दी और आशा व्यक्त की कि भविष्य में संघ नई ऊँचाइयों को प्राप्त करेगा।

अधिवेशन में संघ के अध्यक्ष मुकेश बोरा ने वर्ष 2025-26 के लिए संघ का अधिकतम दायित्व ₹277.84 करोड़ निर्धारित करने का प्रस्ताव रखा गया ।

जिसे सर्वसम्मति से पारित किया गया।

इस अवसर पर मदवार बजट विवरण सहित स्मारिका का भी विमोचन किया गया। बैठक की शुरुआत पिछली बैठक (19 अगस्त 2023) की पुष्टि से हुई। वर्ष 2024-25 की कार्ययोजना और आगामी गतिविधियों की रूपरेखा प्रस्तुत की गई। साथ ही वर्ष 2022-23 की वित्तीय रिपोर्ट, संतुलन पत्र, लाभ-हानि खाता, उत्पादन एवं व्यापार खाता, आर्थिक चिट्ठा और आय-व्यय विवरण साझा किए गए। संघ का लेखा परीक्षा प्रमाण पत्र और अनुवर्तन प्रमाण पत्र भी अधिवेशन में प्रस्तुत किया गया।

संघ ने बताया कि वर्ष 2017-18 से 2022-23 की अवधि के लिए ₹1,30,45,893 लाभांश समिति के हिस्सेदारों में वितरित किए जाएंगे। अधिवेशन में दुग्ध उत्पादक प्रतिनिधि, निदेशक मंडल सदस्य और विभिन्न डेयरी समितियों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

वर्ष 2025-26 में दुग्ध उत्पादकों की आय वृद्धि हेतु नई विपणन रणनीति, शीत भंडारण एवं प्रसंस्करण संयंत्र के विस्तार, प्रशिक्षण शिविर और नई परीक्षण प्रयोगशाला की स्थापना को स्वीकृति दी गई। साथ ही डेयरी अपशिष्ट प्रबंधन प्रणाली को सुदृढ़ बनाने और सभी भुगतान प्रणाली को पूर्णतः डिजिटल रूप में लागू करने का निर्णय लिया गया।

फरवरी माह से दूध मूल्य में ₹2 प्रति लीटर वृद्धि, दुग्ध उत्पादकों को प्रोत्साहन राशि, तथा घी, दही, मक्खन, पनीर और मिठाई जैसे उत्पादों की बेहतर मार्केटिंग रणनीति पर भी चर्चा हुई।

इस अवसर पर प्रधानमंत्री का लाइव टेलीकास्ट किसानों के हित में अधिवेशन में दिखाया गया, जिससे उन्हें योजनाओं और लाभों की जानकारी सीधे देखने का अवसर मिला।

कार्यक्रम का सफल संचालन प्रशासन/विपणन प्रभारी संजय सिंह भाकुनी ने किया। इस दौरान मंडल संचालक सदस्य गोविन्द सिंह मेहता, कृष्ण कुमार शर्मा, हेमा देवी, दीपा रैकवाल, दीपा बिष्ट, किशन सिंह, पुष्पा देवी, खष्टी देवी, आनन्द सिंह नेगी, दुग्ध संघ के वित्त प्रभारी उमेश पठालनी, पी एंड आई सुभाष बाबू, कारखाना प्रबंधक धर्मेंद्र सिंह राणा, सुरेश चंद्र, ख़लील अहमद, रश्मि धामी, हेमंत पाल, विपिन तिवारी, प्रखर साह, विमल कुमार, लोकेश शर्मा, कुलदीप रैकवाल, मनोज कुमार, सुदर्शन मेहरा, महेश पांडे, चंदशेखर बमेठा, धर्मेंद्र कांडपाल समेत कर्मचारीगण उपस्थित रहे।

दुग्ध उत्पादकों में कृपाल सिंह को सबसे अधिक दूध क्रय करने पर पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इसके साथ ही दुग्ध उत्पादक, जिले के दुग्ध समिति के अध्यक्षगण और कर्मचारीगण को उत्कृष्ट कार्य के लिए पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

Stay connected via Google News
Follow us for the latest updates and guides.
Add as preferred source on Google
×