राज्य स्तरीय राष्ट्रीय ग्रामीण एवं स्वास्थ्य अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष डॉ. सुरेश भट्ट ने दशहरे के पावन अवसर पर उत्तराखंड के सभी नागरिकों और अपने प्रतिनिधित्व वाले कालाढूंगी विधानसभा क्षेत्र की जनता को हार्दिक बधाइयाँ दीं। उन्होंने इस पावन पर्व को बुराई पर अच्छाई और असत्य पर सत्य की जीत के प्रतीक के रूप में वर्णित करते हुए, “भगवान श्रीराम का जीवन हमें सत्य, मर्यादा और कर्तव्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है; यही संदेश दशहरा हमें देता है—अपने भीतर की नकारात्मकता को त्याग कर सकारात्मक विचारों और सदाचार को अपनाना,” कहा।
भट्ट ने यह भी रेखांकित किया कि दशहरा केवल धार्मिक उत्सव नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति का एक अभिन्न अंग है, जो सामाजिक बंधनों को तोड़ते हुए प्रेम, भाईचारा और आपसी सद्भाव को सुदृढ़ करता है। उन्होंने कहा, “यह पर्व हमें एकजुटता की भावना से भर देता है, जिससे हम सभी एक-दूसरे के साथ सहयोग और समझ के साथ आगे बढ़ सकें।” इस संदर्भ में उन्होंने सभी को विजयादशमी के दिन सुख‑शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
उत्सव के दौरान, डॉ. भट्ट ने उत्तराखंड के निरंतर विकास की दिशा पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “हमारा राज्य विकास की राह पर दृढ़ कदमों से आगे बढ़ रहा है; इस गति को बनाए रखते हुए, हमें स्वास्थ्य, शिक्षा, बुनियादी ढाँचा और ग्रामीण सशक्तिकरण के क्षेत्रों में अधिक प्रगति करनी होगी।” उन्होंने प्रदेशवासियों को आश्वासन दिया कि सरकार और उनके प्रतिनिधि मिलकर हर घर तक बेहतर सुविधाएँ पहुँचाने के लिए अथक परिश्रम करेंगे।
अंत में, डॉ. भट्ट ने कालाढूंगी के निवासियों से विशेष अनुरोध किया कि वे अपने क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास में सक्रिय भूमिका निभाएँ, ताकि इस पर्व की खुशियों को स्थायी प्रगति में बदल सकें। उन्होंने कहा, “दशहरा का वास्तविक अर्थ तभी साकार हो सकता है जब हम सभी मिलकर अपने प्रदेश को समृद्धि और खुशहाली की ओर ले जाएँ।”
Original Title: उत्तराखंड: दशहरे पर्व की सुरेश भट्ट ने प्रदेशवासियों और कालाढूंगी की जनता को दी शुभकामनाएं
Original Content: Dussehra | Suresh Bhatt | Kaladhungi : राज्य स्तरीय राष्ट्रीय ग्रामीण एवं स्वास्थ्य अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष सुरेश भट्ट ने दशहरे के अवसर पर उत्तराखंड के लोगों और कालाढूंगी विधानसभा क्षेत्र की जनता को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने सभी के सुखी, स्वस्थ और खुशहाल जीवन की कामना की।
सुरेश भट्ट ने कहा कि दशहरा बुराई पर अच्छाई और असत्य पर सत्य की जीत का प्रतीक है। भगवान श्रीराम का जीवन हमें सत्य, मर्यादा और कर्तव्य के रास्ते पर चलने की सीख देता है। यह पर्व अपने भीतर की बुराइयों को छोड़कर अच्छे विचारों और सदाचार को अपनाने की प्रेरणा देता है।
उन्होंने कहा कि दशहरा भारतीय संस्कृति का महत्वपूर्ण त्योहार है। यह पर्व लोगों के बीच प्रेम, भाईचारे और आपसी सद्भाव को बढ़ाने का संदेश देता है।
सुरेश भट्ट ने कामना की कि विजयादशमी सभी के जीवन में सुख-शांति और समृद्धि लेकर आए। साथ ही उत्तराखंड लगातार विकास के रास्ते पर आगे बढ़े और प्रदेशवासियों के जीवन में खुशहाली आए।
