रानीखेत : सयुंक्त मजिस्ट्रेट राहुल आनन्द ने संघ लोक सेवा आयोग द्वारा 13 अप्रैल को आयोजित परीक्षाओं को लेकर की समीक्षा

ख़बर शेयर करे :
Stay connected via Google News
Follow us for the latest updates and guides.
Add as preferred source on Google

रिपोर्टर  – बलवंत सिंह रावत 

रानीखेत। सयुंक्त मजिस्ट्रेट, राहुल आनन्द ने बताया कि संघ लोक सेवा आयोग, नई दिल्ली द्वारा आयोजित सीडीएस परीक्षा द्वितीय एवं एनडीए और एनए परीक्षा द्वितीय जो दिनॉंक 13 अप्रैल, 2025 को प्रातः 09ः00 बजे से सांय 06ः00 बजे के मध्य सम्पन्न होनी है।

उन्होंने बताया कि परीक्षा के सफलतापूर्वक संचालन में कतिपय असामाजिक एवं अवांछनीय तत्वों द्वारा साम्प्रदायिक एवं जातिगत भावनाओं को उद्धेलित कर परिशान्ति भंग करने एवं लोक शान्ति को विक्षुब्ध किये जाने की सम्भावना एवं इसके परिपेक्ष्य में प्रभावी निरोधात्मक उपाय तत्काल एवं अनिवार्य रूप से किये जाने की आवश्यकता है।

उन्होंने बताया कि परीक्षा केन्द्रों में दिनॉंक 13 अपै्रल, 2025 को परीक्षा के सम्पादन में शान्ति व्यवस्था बनाये रखने हेतु भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता-2023 की धारा-163 के प्राविधानों के तहत निषेधाज्ञायें लागू है।

उन्होंने बताया कि कोई भी व्यक्ति परीक्षा केन्द्रों के 200 मी0 की परिधि के अन्दर अस्त्र-शस्त्र, अग्नेयास्त्र, धारदार हथियार, लाठी डन्डा लेकर नहीं चलेगा। किन्तु यह आदेश सुरक्षा बलों, शान्ति व्यवस्था में लगे कार्मिकों, अर्द्वसैनिक बलों, पी0एस0सी0 पर लागू नहीं होगा।

परीक्षा केन्द्रों के 200 मी0 की परिधि के अन्दर किसी भी बाहरी व्यक्ति की प्रविष्टि निषिद्ध होगी, किन्तु यह आदेश परीक्षार्थी एवं शान्ति व्यवस्था में तैनात पुलिस बलों आदि व परीक्षा केन्द्र पर डयूटी में तैनात प्राधिकृत व्यक्तिय पर प्रतिबन्धित नहीं है।

कोई भी व्यक्ति परीक्षा केन्द्रों के 200 मी0 की परिधि के अन्दर ईट, पत्थर, रोड़ या फेंक का मारे जाने वाली वस्तुएं एकत्रित नहीं करेगा और न करायेगा। परीक्षा केन्द्र के आस-पास परीक्षा को प्रभावित करने के उद्देश्य से 5 या इससे अधिक व्यक्ति एक झुण्ड बनाकर एक स्थान पर एकत्रित नहीं होगें।

बिना किसी अनुमति के परीक्षा के दौरान कोई भी व्यक्ति ध्वनि विस्तारक यंत्र का प्रयोग नहीं करेगा और न किसी प्रकार के भाषण ही देगा यह आदेश परीक्षा केन्द्र में 13 अप्रैल, 2025 को प्रातः 09ः00 बजे से सांय् 06ः00 बजे प्रभावी रहेगा बशर्ते कि इससे पूर्व इसे निरस्त न कर दिया जाये।

उन्होंने बताया कि यदि कोई व्यक्ति इस आदेश का उल्लघंन करेगा तो उसका यह कृत्य भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 223 के अर्न्तगत दण्डनीय अपराध होगा।

Stay connected via Google News
Follow us for the latest updates and guides.
Add as preferred source on Google
×