बद्रीनाथ धाम, जो कि हिन्दू धर्म के प्रमुख तीर्थस्थलों में से एक है, इस महीने फिर से विवाद की दहलीज़ पर आ गया है। चमोली जिले के जिलाधिकारी गौरव कुमार ने हाल ही में गढ़वाल राइफल्स के कमांडिंग ऑफिसर को एक औपचारिक पत्र भेजकर एक DJ कॉन्सर्ट के आयोजन के बारे में विस्तृत जानकारी मांगी है। यह पत्र इस बात की चिंता जताता है कि बड़े पैमाने पर आयोजित कार्यक्रम में इस्तेमाल किए गए तेज़ साउंड सिस्टम ने धाम की पवित्रता और धार्मिक वातावरण पर प्रतिकूल प्रभाव डाला हो सकता है।
पत्र में बताया गया है कि इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पर्यटक और संगीत प्रेमी जुटे, जिनके लिए धाम के बाहर एक विशेष साउंड सिस्टम लगाया गया था। आयोजकों ने दावा किया कि यह व्यवस्था दर्शकों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक थी, परंतु जिलाधिकारी ने इस कदम को धार्मिक स्थलों की गरिमा के लिए संभावित खतरे के रूप में देखा। उन्होंने गढ़वाल राइफल्स से यह भी पूछताछ की है कि क्या इस कार्यक्रम के लिए उचित अनुमति प्राप्त की गई थी और किस प्रकार के साउंड सिस्टम का इस्तेमाल किया गया था।
गौरव कुमार ने यह भी जोर दिया कि बद्रीनाथ धाम का धार्मिक महत्व अतुलनीय है और ऐसी तेज़ ध्वनि वाली गतिविधियाँ धार्मिक आस्था के प्रति असम्मानजनक हो सकती हैं। उन्होंने कहा, “धाम की गरिमा और शांति को बनाए रखना हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है, और हमें ऐसे कार्यक्रमों के लिए कड़े नियम लागू करने की आवश्यकता है।”
इसके अलावा, जिलाधिकारी ने गढ़वाल राइफल्स से यह भी अनुरोध किया है कि भविष्य में किसी भी प्रकार के DJ कॉन्सर्ट या इसी तरह के कार्यक्रमों की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने कहा कि “आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए ताकि इस प्रकार के कार्यक्रमों की पुनरावृत्ति न हो और धाम की पवित्रता बनी रहे।”
इस कदम के बाद, स्थानीय और धार्मिक संगठनों ने भी धाम की पवित्रता की रक्षा के लिए सख्त नियमों की मांग की है। Khabar Uttarakhand – Uttarakhand News।
